इराक में मारे गए 39 भारतीयों में 2 बिहार के, परिवार पर टूटा दुःखो का पहाड़

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पटना। विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने आज इस बात की पुष्टी कर दी की इराक में अगवा 39 भारतीय नागरिक की आईआईएस के हाथो मौत हो गई है। उन्होने बताया की इन 39 लोंगो में 2 लों बिहार के रहनेवाले है जिनके डीएनए की पुष्टी हो चुकी है। ये दोनो हीं सीवान के आंदर थाना के सासाराव गांव संतोष और विद्याभूषण है। सरकार के अनुसार इनका शव मोशुल के में एक सामूहिक कब्रगाह में मिली है।

इस खबर के मिलने के बाद से हीं विद्याभूषण की पत्नी की आंखों के आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे हैं, जो आखिरी उम्मीद बची थी वो भी आज टूट गई। 30 साल के विद्याभूषण तिवारी के पिता का नाम मकसूदन सिंह हैं। उन्होंने बताया कि उनका बेटा 2011 में इराक में कंट्रक्शन कंपनी में काम करने के लिए गया था। विद्याभूषण तिवारी के उनहीे के गांव के संतोष सिंह भी काम करने के लिए इराक गए थे। संतोष सिंह अविवाहित थे। इस खबर के बाद संतोष के पिता चंद्र मोहन राय पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। ये दोनों 2011 में एजेंट के जरिए काम करने के लिए इराक गए थे.

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Posted by News of Bihar on Tuesday, March 20, 2018

संतोष सिंह के भाई पप्पू सिंह ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि 12 जून 2012 को माई से आखरी बार बात हुई थी। तब उन्होंने कहा था कि उनकी कंपनी कहीं दूसरी जगह ले जा रही है। फिर 14 जून को फोन आया कि उनकी मौत हो गई। इराक से ही फोन आया था लेकिन ये पता नहीं चल पाया कि किसने फोन किया था।

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बता दें, जून 2014 में इराक के मोसुल शहर में आतंकी संगठन आईएसआईएस ने कम से कम 40 भारतीयों का अपहरण किया था. इनमें से एक व्यक्ति खुद को बांग्लादेश से आया मुस्लिम बता कर बच निकला. बाकी 39 भारतीयों को बदूश ले जाकर मार डाला गया. अगवा भारतीयों को बदूश शहर ले जाए जाने के बारे में जानकारी उस कंपनी से मिली, जहां ये भारतीय काम करते थे।

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मंगलवार को सुषमा स्वाराज ने बताया कि विदेश राज्य मंत्री वी के सिंह ने इराक में भारतीय राजदूत और इराक सरकार के एक अधिकारी के साथ बदूश शहर जाकर जब अगवा भारतीयों की खोज शुरू की, तब वहां के स्थानीय लोगों ने बताया कि आईएसआईएस आतंकियों ने कुछ शव दफनाए हैं। विदेश मंत्री ने बताया कि ‘डीप पेनिट्रेशन रडारों‘ की मदद से पता लगाया गया कि जिस गड्ढे में शवों को दफनाए जाने की बात कही जा रही है, उसमें सचमुच क्या है. रडारों से जांच करने पर पता चला कि गड्ढे में शव है।

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