फर्जी शिक्षक बहाली – BEO ने अपने बेटे, भाई, दामाद व ड्राईवर को भी बना दिया शिक्षक

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NEWS OF BIHAR : यूं तो बिहार की शिक्षा व स्वास्थ्य विभाग हमेशा से सवालों के घेरे में रही है लेकिन कभी-कभी ऐसे भी मामले सामने आते हैं जिसे जानने के बाद लोगों का एक बारगी विश्वास करना मुश्किल होता है। शिक्षा समस्याओं से समाधान के लिए सरकारी प्रावधान के अनुसार सभी जिलों में जिला शिक्षा पदाधिकारी तो सभी प्रखंडों में प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी का पद है। लेकिन जब इन्ही पद पर बैठे लोगों के संरक्षण में घोटालों व घपलों की नींव रखे जाय तो यह कहने में कोई दो राय नहीं की अंधेर नगरी चौपट राजा।

जी हां, बिहार के मधुबनी जिले के मधवापुर प्रखंड में कुछ इस प्रकार की शिक्षक बहाली हुई है जिसे जानने के बाद कोई भी चौंक सकता है। मधवापुर प्रखंड में बैकलॉग शिक्षक बहाली के नाम पर बड़ा घोटाला हुआ है। जहां शिक्षक बहाली के नाम पर जमकर लूट मची हुई है। इतना ही नहीं इस बहाली में प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी का ड्राईवर, बेटा, भाई सहित कई परिजन भी शिक्षक बन बैठे हैं।

न्यूज़ ऑफ़ बिहार को मिले साक्ष्यों के आधार पर बात करें तो साल 2008 के बहाली में रिक्त रहे पदों पर पैसे लेकर अवैध रूप से बहाली की जा रही है। वहीं बहाली का प्रकिया कुछ ऐसा है की सभी के पैसे भी सामान्य रूप से भुगतान नहीं हो रहे हैं। इस बहाली में पदाधिकारी से लेकर विद्यालय के हेडमास्टर की भी जमकर कमाई हो रही है। बैकलॉग में शिक्षक बहाली की प्रकिया तो पदाधिकारी करते हैं लेकिन जिस विद्यालय में इन फर्जी बहाली के शिक्षकों का योगदान कराना होता है उस विद्यालय के एचएम प्रति योगदान 50 हज़ार रुपया का वसूली कर रहे हैं।

प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर यह साफ़ देखा जा रहा है कि मधवापुर के प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी उमेश बैठा के परिवार के कई लोगों की भी बहाली इसमें हुई है। जिसमें उनका ड्राईवर, बेटा, भाई व दामाद शामिल है। जबकि यह बहाली 2008 का है लेकिन प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी के बेटे 2012 में इंटर की परीक्षा उतीर्ण है तो दामाद 2011 में, भाई 2013 व ड्राईवर 2012 में उतीर्ण है।