26 जून, 2017
To Advertise on this Website call Us on 9155705448, 8130906081
ब्रेकिंग न्यूज़

NEWS OF BIHAR

कफन पहनने वाला महादलित ‘राम’ अरेस्ट !

Baiju-Ram

और आख़िरकार बैजू राम अरेस्ट हो गये। उन पर आठवीं के सर्टिफिकेट के सत्यापन में जालसाजी का आरोप है। मतलब यह कि नौकरी पक्की कराने के आवदेन के साथ 8वीं कक्षा के प्रमाणपत्र की जो छायाप्रति उन्होंने जमा की थी उसका सत्यापन जाँच में जाली पाया गया है। है न मजेदार।
आदमी भी सही है। उसका सर्टिफिकेट भी सही है। बस सर्टिफिकेट का सत्यापन जाली है, यह भी प्रशासन का दावा है। बैजू राम आरोप से इनकार करते हैं। वे कहते हैं कि उन्होंने तत्कालीन डीएम् मुजफ्फरपुर और MIT के प्रिंसिपल से जब सत्यापन कराया है तो भला फर्जी कैसे हो सकता है।
मुझे अन्ना आन्दोलन याद आ रहा है। अन्ना भ्रष्टाचार के खिलाफ अनसन पर बैठे थे। प्रशासन ने कुछ चार्ज लगा कर उन्हें अंदर करा दिया। हलांकि बैजू अन्ना नहीं है। वह एक दीन हीन महादलित है। एक नौकरी के लिए मारा-मारा फिर रहा है। जिस पर उसका वाजिब हक है। वह 17-18 साल तक इस नौकरी को करता रहा है।
एक माली की नौकरी के लिए क्या सर्टिफिकेट और उसका सत्यापन इतना जरूरी है? अभी अभी कानून बना है कि आप अपने प्रमाणपत्र का सत्यापन खुद कर सकते हैं। मगर हमारी व्यवस्था इतनी संवेदनशील कैसे हो सकती है कि किसी गरीब को इन झमेलों से बरी कर दे।
लगता है अफसरों को देहरादून में यही सब सिखाया जाता है। बहरहाल कल रात बैजू इस राजधानी से मुजफ्फरपुर पुलिस के वैन पर नाउम्मीद हो कर लौट गया है। एक गरीब व्यक्ति राजधानी तक का सफर इस उम्मीद से करता है कि वहां उसे न्याय मिलेगा। मगर शायद उसे पता नहीं होगा कि राजधानी में अब गुहार लगाने वाले को चोर साबित करने का धंधा शुरू हो गया है।
उसे न्याय तो नहीं मिला। आईये अब हम प्रार्थना करें कि उस बेगुनाह को जेल की चारदिवारी में कम से कम रहना पड़े। यह व्यवस्था इतने से ही खुश हो जाये कि उसने आवाज उठाने वाले को जेल भेज कर मजा चखा दिया है।

ये भी पढे़ं:-   आईपीएल-10ः बिहार की अगुआई में उतरेगी...मगध वॉरियर

क्या है मामला
बैजू राम मंगलवार को कफन पहन कर अपनी नौकरी के बारे में आखिरी फैसला सुनने आये थे। उनका कहना था कि माली के रूप में उन्होंने 15 साल तक लगातार मुजफ्फरपुर के कमिश्नर के आवास में दिन-रात काम किया है और दो साल तक एमआइटी, मुजफ्फरपुर में नौकरी की है। इसके बावजूद उसकी सेवा को नियमित करने के बदले सेवा समाप्त कर दी गयी है। उसका आरोप है कि 50 हजार की रिश्वत की मांग पूरी नहीं करने की वजह से उसके साथ ऐसा किया गया है।

newsofbihar.com की ख़बरें अपने न्यूज़फीड में पढ़ने के लिए पेज like करें  

 
 

पत्रकार पुष्ममित्र के फेसबुक वाल से साभार

newsofbihar.com की ख़बरें अपने न्यूज़फीड में पढ़ने के लिए पेज like करें

loading...

अपने विचार साझा करें

आवश्यक लिखें चिह्नित:*

Powered By Indic IME