30 मार्च, 2017
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NOB Exclusive: मुंगेर के मोस्टवांटेड अपराधियों में शुमार सूरज की हत्या, ताबड़तोड़ मारी गई 9 गोलियाँ, खोखे बरामद

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कुलदीप भारद्वाज की रिपोर्ट

मुंगेर, 14 नवंबर: कोतवाली थाना क्षेत्र के विजय सिनेमा के पास कुख्यात अपराधी और पुलिस फाइलों का मोस्ट वांटेड सूरज उर्फ झरकहवा को ताबड़तोड़ कई गोलियां मार कर हत्या कर दी गई हैं। मिली जानकारी के अनुसार कुख्यात सुरज को निशाना बनाने के खातिर 4 अलग-अलग हथियारों से फायरिंग की गई है। हत्यारे सुरज को किसी भी सूरत में जिंदा छोड़ना नहीं चाहते थे तभी तो मकतूल के शरीर पर पूरी मैगजीन खाली कर दी है। घटना स्थल से पुलिस ने गोली के खाली 9 खोखे बरामद किये हैं। सूरज की हत्या की जानकारी मिलते ही उसके परिजनों और समर्थकों के उग्र होने से माहौल बेकाबू होने की आशंका को लेकर सदर अस्पताल में पहुंची कई थानों की पुलिस कैंप कर रही है। उल्लेखनीय हैं कि मुंगेर के बड़े अपराधियों के संरक्षण में किसी पर भी गोली चलाने में न हिचकने वाला झरकहवा बेहद दुस्साहसी खतरनाक शूटर था।
शहर के कुख्यात अपराधि प्रसांत मिश्रा का दाहिना हाथ कहलाता था। सूरज उर्फ झरकहवा मुंगेर जेल में बंद कुख्यात सरगना और अपने आका के एक इशारे पर ताबड़तोड़ बम और गोलियों की बौछार कर व्यापारियों की हलक सुखाने खातिर जाना जाने वाले सूरज, व्यापारियों से रंगदारी वसूलने में कई लोगों पर हमले कर चुका हैं। शहर के कई व्यापारियों से लेता था रंगदारी। वहीँ जो मना करते थे उन लोगों के घरों और संस्थानों पर बमबारी करना या गोली चलाकर दहशत फैलाना इसका मुख्य कारोबार था। ताकि वसूली की जा सके। कुछ वर्ष पूर्व एक होम्योपैथी डॉक्टर और लकड़ी व्यवसायी के घर पर सूरज ने की ताबड़तोड़ बमबाजी कर इलाके को थर्रा दिया था। मौत की खबर सुनकर लोगों और व्यापारियों ने ली राहत की सांस ली। शहर में रंगदारी और लूट जैसी कई घटनाओं में शामिल सूरज जब जिंदा था तब भी पुलिस के लिए मुसीबत का सबब रहा और अब मरने के बाद भी मुसीबत का शबब बन गया है। बॉडी पोस्टमार्टम के लिए चली गयी। इधर उसके उग्र होते समर्थकों की वजह से सदर अस्पताल को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया है।

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