05, Dec, 2016
ब्रेकिंग न्यूज़

NEWS OF BIHAR

BIG Breaking : नीतीश सरकार को बड़ा झटका, हाईकोर्ट ने किया शराबबंदी कानून को रद्द !

patna-highcourt

बिहार सरकार को लगा बड़ा झटका
शराबबंदी के खिलाफ हाईकोर्ट ने लिया बड़ा फैसला
शराबबंदी को चुनौती देने वाले याचिका को हुई रद्द
बिहार उत्पाद अधिनियम 2016 से सहमत नहीं है हाईकोर्ट
सूबे में विदेशी शराब से रोक हटी
बिहार में विदेशी शराब की बिक्री-पीने पर रोक नहीं
फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में बिहार सरकार देगी चुनौती

नीतीश कुमार सरकार ने बिहार में शराबबंदी को पहले से भी ज्यादा सख्त करने का फैसला किया लेकिन उनके इस फैसले को हाई कोर्ट ने रद्द कर दिया है। पुराने कानून को बदलने के लिए लाए गए ‘बिहार मद्यनिषेध और उत्पाद विधेयक 2016’ के चलते समाज का एक बड़ा वर्ग आशंकित और गुस्से में था। इस नए विधेयक को बीती दो अगस्त को बिहार विधानमंडल ने पारित किया था।

इस साल मार्च में ‘बिहार उत्पाद अधिनियम (1915)’ और ‘बिहार प्रतिषेध अधिनियम (1938)’ में संशोधन कर इनमें शराब बनाने, बेचने, इकट्ठा करने और इस्तेमाल करने पर रोक लगाने संबंधी प्रावधान शामिल कर दिये गये। इसके बाद एक अप्रैल से राज्य के ग्रामीण इलाकों में और पांच अप्रैल से पूरे राज्य में शराबबंदी का ऐलान कर दिया गया। गुजरात, नागालैंड और मणिपुर के बाद बिहार देश में चौथा राज्य है जिसने पूर्ण शराबबंदी का ऐलान किया है। नीतीश कुमार इसे अपनी बड़ी उपलब्धि बताते रहे हैं और केंद्र सरकार से भी लगातार मांग करते रहे हैं कि वे शराब पर प्रतिबंध लगाने की दिशा में कदम उठाएं।

घर में शराब पाए जाने पर सभी को दोषी मानने के प्रावधान को सही ठहराते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने दलील दिया था की पिछले चार महीनों में ऐसे भी उदाहरण सामने आए हैं जहां एक पिता ने अपनी नाबालिग लड़की को शराब की बोतल लाने का दोषी बता दिया।

बिहार में शराबबंदी की कहानी पिछले विधान सभा चुनाव से जुड़ी हुई है। तब बिहार की महिलाओं ने नीतीश कुमार से शराब पर रोक की मांग की थी। नीतीश कुमार ने महिलाओं को भरोसा दिलाया था कि यदि उनकी सरकार बनी तो शराब पर प्रतिबंध लगा दिया जाएगा। हालांकि ऐसा करना सरकार के लिए आसान नहीं था। शराब पर रोक लगाने से उसे एक साल में चार हजार करोड़ रुपए की चपत लगने वाली थी। लेकिन चुनाव में महिलाओं द्वारा नीतीश कुमार के पक्ष में जबरदस्त वोटिंग ने उन्हें शराबबंदी की मांग मानने पर विवश कर दिया।

कुछ लोगों का मानना है कि अप्रैल में लागू किए गए शराबबंदी कानून की विफलता इस बात से ही जाहिर होती है कि केवल चार महीने में ही सरकार को इसकी जगह एक नए और सख्त कानून की जरूरत पड़ गई। हालांकि यह नया कानून भी नीतीश सरकार के लिए मुसीबत बनता दिख रहा है क्योंकि इसके कई प्रावधानों को अव्यावहारिक और तालिबानी माना जा रहा है।

बिहार मद्यनिषेध और उत्पाद विधेयक 2016 पर आपत्ति की मुख्य वजह इसके कुछ बेहद सख्त प्रावधान हैं। इनके मुताबिक घर में शराब पाए जाने पर परिवार के सभी बालिग सदस्यों सहित मकान मालिक और किरायेदार तक पर आपराधिक मामला दर्ज किया जा सकता है; आरोप साबित होने पर कम से कम 10 साल और अधिकतम उम्र कैद तक की सजा हो सकती है; आर्थिक जुर्माना एक लाख से लेकर दस लाख रूपये तक हो सकता है; यदि कोई समूह या समुदाय शराबबंदी कानून को लागू करने में अड़ंगा लगाता है तो उस पर सामूहिक जुर्माना लगाया जा सकता है। इसके अलावा राज्य में शराब के नए कारखाने लगाने पर तो रोक है लेकिन पहले से चल रहे कारखानों को बंद नहीं किया जाएगा।

विधेयक में यह भी प्रावधान है कि पुलिस बिना वारंट के भी लोगों को गिरफ्तार कर सकती है। कई लोगों का मानना है कि इसके चलते पुलिस इस कानून का दुरूपयोग कर सकती है। हालांकि इस विधेयक का समर्थन कर रहे लोगों का मानना है कि इसके दुरूपयोग की संभावनाएं पहले वाले कानून की तुलना में इसलिए कम हैं क्योंकि इसमें दुरूपयोग करने पर पुलिस अधिकारियों को भी तीन साल तक की सजा और एक लाख रुपए तक के जुर्माने का प्रावधान भी है। जबकि पिछले कानून में सिर्फ तीन महीने की सजा और 10 हजार रुपए जुर्माने की ही सजा तय की गई थी।

वैसे शराबबंदी की जिस जिद पर नीतीश कुमार अड़े हुए हैं, वह राज्य के लिए हितकारी भी साबित हो सकती है। बिहार में शराबबंदी के शुरूआती दौर के आपराधिक आंकड़े इस बात की ओर इशारा भी करते हैं।

newsofbihar.com की ख़बरें अपने न्यूज़फीड में पढ़ने के लिए पेज like करें  

 
 

newsofbihar.com की ख़बरें अपने न्यूज़फीड में पढ़ने के लिए पेज like करें

newsofbihar

49 विचार साझा हुआ “BIG Breaking : नीतीश सरकार को बड़ा झटका, हाईकोर्ट ने किया शराबबंदी कानून को रद्द !” पर

  1. Ratnesh shukla September 30, 2016

    Nitish Ji sarab KO dheyan me na rakhte huwe Bihar ki bikas ke bare me shoche to jyada behatar hoga
    Sarab band karne se logo ka gribi dur nahi ho payega
    Kuch rojgar ke bare me soche to better hoga

    • Shambhu Kumar September 30, 2016

      Aapka Kehna Sahi hai, Par Iske Sath-2 Sarab v Band Rahana chahiye. Tab Kuchh ho sakta hai.

  2. Gauri kumar mamandal September 30, 2016

    Haykort ka faisla galat h sarab band rhna chahia ydi start hua to phir aurat ka churi phutna start hoga haykort apna phaisla wapas le

  3. Amit Kumar September 30, 2016

    Bihar govt desi sarab ko bain kr de aur videsi sharab p bahut sara vat aur kai tarah k tax laga kar usko v mahanga kr de satha hi sarabiyon ko iske liye parmit jari kare
    Jaise gas cylinder me hota hai ek year me 12 botel hi sarab milegi aur subsidiary bank account me jauega.. Jo v sarab lene ka card banwata hai uski baki sari subsidiary band kr di jay

    • Amit Kumar September 30, 2016

      Ye kewal ek vichaar hai isme kuchh updation kar k sarkaar ko benefit ho sakta hai.

  4. kritesh kumar September 30, 2016

    bihar me dubara sarab nahi chalu hona chahiye kyunki isse nimn tabke ke logo KO bahut problem hoga aur yaha ki sarkar ki manhani isliye mai bihar govt ke side me hu

  5. Vinay bansal September 30, 2016

    High cort ka yaj phaisla bilkul galat h,bihar me sarab puntah band honi chahiye.jisse bihar washi apne ko safe kar sake

  6. Rohit September 30, 2016

    pehle log 120 ka sarab pite the chahe wo garib ho ya paise wala ab laog 1200 ka peete hai to isse vikash nahi or garibi aaye gi.Q ki jo nasa ke maare hai wo koi na koi nasa ka sewan jarur karenge.sarab bandi se bahut se log state chor kar bahar dusare state mai ja rahe hai only because off sarab.bihar mai sarab ka sabse jada manufacturing hota hai par bihar mai sale nahi kar shakte hai . manufacturing bhi nahi karna chaheye shayed bhihar ko tab sahi hoga.

  7. Rishav Raj ,Naugachia September 30, 2016

    Saraab bandi kanoon ko batana hi chahiye…

  8. Shambhu Kumar September 30, 2016

    Hi-Court Apna Faisla Wapas le. Bihar me Sarab Band hi Rahna Chahiye.

  9. shyam babu yadav September 30, 2016

    my nitish g se prathna krta hun ki jo kdam uthae gye the us bat ko my nhi pure bihar ke jnta manta han lekin usse bhihar ki gribi nhi khatm huaa abhi tak kuchh aaur kigia nitish g ( my shyam babu yadav )

  10. Pradeep Choudhary September 30, 2016

    साहेब को जेल, शराब को बेल……

  11. krishna prasad September 30, 2016

    sarab band hi hona chahiye
    es se kafi logo ko faida h

  12. Sunny Dubey September 30, 2016

    High court shi faisla liya hai

  13. Saroj kumar September 30, 2016

    Es phaisale ko mai nahi manta

  14. Shankar Kumar September 30, 2016

    Sarab bandi chalu rahna chahiye Lenin sakht kanon ko kam kar dena chahiye.

  15. niraj September 30, 2016

    Acha hi hua bechare sharabi bahut udas rehte the

  16. Aadity kumar September 30, 2016

    Sarab bandi rahna chahiya janta ko fir parisani hogi

  17. Ravi September 30, 2016

    Koi bata nhi fir se tray kiga neetish sir

  18. dablu patel September 30, 2016

    शराब चालू होने से एक खास वर्ग कोकाफी हानि होगा ये बात उन को तब एहसास होगा जब इनका भोग भोगना होगा

  19. Rakesh pandey September 30, 2016

    Jo huaa Bo shi huaa jo hoga o shi hoga j
    .
    o ho rha o vi shi horaha hai
    Lekin bihar ka bikes shi nhi hai
    Nalnda me kiya ho rha hai
    Kuchh nhi nhi rod nhi rngdari

  20. Ravi ranjhna September 30, 2016

    No Comments Plz After Reply to Me comments

  21. baidyanath sharma September 30, 2016

    Hamara state bahut badnaam hai ese bachaao sirf daru sarab se

  22. K K Singh September 30, 2016

    शराबबंदी लागू रहे या रद्द हो जाय -आम जनता विवेक से काम लें तो कोई फर्क नहीं पर सकता । इससे भी बढ़कर बुरी चीजें भरी पड़ी हैं सर्वत्र, निर्भर आप पर करता है आप लिप्त हो रहे हो या फिर इन बुराईयों को अलविदा कह रहे हो ।

  23. Saurabh kumar September 30, 2016

    Himaat na haraye nitish ji bihar ki janta is mudday par aap ke sath hai

  24. Prabhat sharma September 30, 2016

    Hi cort aap apna faishala wapas le. Bihar ki janta sarab ka SWAD bhi bhul gaye hai. Soye huwe sero ko na jagaye. Samaj me sarabio ki jansankhya khatm ho gayi hai. Samaj pragati kar rahi gai. Kyo aap khai se nikle logo ko khai me girane ki kosis kar rahe ho.

  25. mohan kumar September 30, 2016

    Jo kam karna chahiye po aluhaa nahi horha he or sarab band karta he sarab chalu ho

  26. रणजीत चौधरी September 30, 2016

    सराब बंद करना सही है परन्तु विकास के लिए कुछ फैट्री तो खुलवा दो जिससे रोजगार बढेगा।

  27. Rahul September 30, 2016

    Nehi yar wine nehi bikna chyee
    health ke liye hanekark hai……

  28. s kumar September 30, 2016

    Daru sarab band hona chahiye
    Yadi chalu Hua daru sarab to fir chori khon kharaba hota rahega

  29. Manish Gupta September 30, 2016

    Sarab chalu hona chahiye kyuki bihar ka vikas nhi ho rha hai sirf nitish ji sarab ko lekar up mp ghum rhe hai apna bihar pr koi dyan nhi hai isliye high court ka sahi fasla hai

  30. Sudin yadav October 1, 2016

    High court Ka faisla bilkul sahi hai. Kyonki court v kuch soch samajhkar hi faisla sunai hai. Aur ye taalibani kanoon bihar me nahi chalega.Nitish ji daaru ko chhorkar aap bihar k vikas pe jyada dhyan denge toh janta jyada khus hogi.

  31. Vidyanand October 1, 2016

    Srab band nischit rhna chahiye Nitish sir
    Hm sub aap ke sath hi jis kute ko srab pina hi vo bihar ko choor dena chahiye

  32. mr. nitesh kumar October 1, 2016

    i think and i hope ke sarab start ho jana chahia kyo ke uske karan business down ho raha hai thank you if any one want to reply me plz nitesh.mps@gmail.com

  33. Ashok kumar Mishra October 1, 2016

    शराब को बंद करना मेरे विचार में सही नहीं है , और इसके वजह निम्न लिखित है :
    01. शराब ऐसा कुछ नहीं है की इसके उपयोग, विक्री पर यूँ पुर्णतः प्रतिबन्ध लगा दिया जाय /
    02. शराब के दुरुपयोग पर पुर्णतः रोक होनी चाहिए /
    03. दुर्घटनाये तो बिजली,रेल, सड़क, से भी हो रहे हैं तो क्या हम इन सभी को बंद कर दें ?
    03. शराब पीने के तीन घंटे तक कोई भी व्यक्ति सड़क पर न निकले इसकी व्यवस्था होनी चाहिए /
    04. पीने के उओरांत वाहन का संचालंन न करे ऐसी व्यवस्था होनी चाहिए /
    05. शराब तो बहुतो स्थिति में निहायत आवश्यक हो जाता है चिकित्सिये इलाज में /इसे नकारा नहीं जा सकता है /

  34. mantu kumar October 1, 2016

    Srab band rahna chahiye bihar me nitish sir hum log aap ke saath hai kyu ki jab se bihar me band hai srab shanti bana hai aisa hi rahna chahiye

  35. Ayub khan October 1, 2016

    Jaj saheb se mein puchhna chahta hu ki aap sharab piker fiasla karsakte hai

  36. Birendra kumar October 1, 2016

    sarab nahi milna chahiye 6 month me aprad bahut kam ho gaya hai har apradi aprad karnese pahele satab pee ke hi aprad karta hai.

  37. Abhimanyu October 1, 2016

    Chalu hona chahiye sarab

  38. vinodssmg October 1, 2016

    nitish ji agar logo ki sunoge to fir se fasoge jaise mahilaon ke bat me fas gay jobhi karo soch samjh kar karo daru koi bada mudda nahi hai hindustan ke kone kone me milta hai bas najarie ki bat hai

  39. Ashutosh kumar Gupta October 2, 2016

    सराब बंद करना सही है परन्तु विकास के लिए कुछ फैट्री तो खुलवा दो जिससे रोजगार बढेगा।

  40. pankaj jha October 3, 2016

    nitish kumar bas mai jo kah diya wahi hoga par atal hain jo ki galat hai koi pita hai mast karata hai to sharkar ko kiya tikat hai ha koi sharb pi kar hal gula karey to usey saja digiya or sharab band karana to bilkul galat hai bhai

  41. free online shooter games pc November 7, 2016

    Intentaremos ser cuerdo.
    games shooting online http://rexuiz.top/

अपने विचार साझा करें

आवश्यक लिखें चिह्नित:*

Powered By Indic IME