11, Dec, 2016
ब्रेकिंग न्यूज़

NEWS OF BIHAR

NOB Exclusive : सकरी चीनी मिल का स्क्रैप बेचने की साजिश का भांडाफोड़ !

124

दरभंगा, 29 सितम्बर : लम्बे समय से अपने जीर्णोधार की आस में बंद पड़े सकरी चीनी मिल तो पहले ही निजी हाथों में सौंप दी गई है। जिसके खुलने और ना खुलने को लेकर कई तरह के कयास लगाये जा रहे है। चीनी मिल का मुद्दा अक्सर चुनावों के समय चर्चाओं में रहती है लेकिन यह मुद्दा चुनावी मुद्दा ही बनकर रह जाती है।
न्यूज़ ऑफ़ बिहार को मिली ताज़ा जानकारी के अनुसार आज गुरुवार की शाम सकरी चीनी मिल के स्क्रेप लदे ट्रक को ग्रामीणों ने पकड़ा है। जो की बेचने के लिए दुसरे जगह सप्लाई किया जा रहा था। स्थानीय ग्रामीण व बीजेपी नेता रजनीश झा के मुताबिक उक्त ट्रक में स्क्रैप कटिंग कर ले जाया जा रहा था। जिसको ग्रामीणों ने रोककर स्क्रेप की तस्करी का विरोध किया है। साथ ही रजनीश झा ने अपने फेसबुक वाल के माध्यम से लोगों को इस स्क्रेप तस्करी के विरोध में कल शुक्रवार को सकरी चीनी मिल परिसर में एकजुट होंकर आगे की रणनीति बनाने का आह्वान किया है। फिलहाल खबर लिखे जाने तक प्रशासन के तरफ से किसी भी तरह की कारवाई की बात सामने नहीं आई है।

आपको बता दें की रैयाम चीनी मिल का भी निजीकरण हो चुका है। सरकार ने तिरहुत इंडस्ट्री लिमिटेड के मालिक प्रदीप चौधरी को सकरी चीनी मिल की भूमि की रजिस्ट्री पहले ही कर दिया है। लेकिन इसके वाबजूद भी सकरी चीनी मिल खोलने की दिशा में किसी भी प्रकार का काम नहीं किया रहा है।
इस मिल को सरकार ने 18 करोड़ 84 लाख रूपये में तिरहुत इंडस्ट्री को बेचा है। यह मिल 1933 में दरभंगा के महाराज ने स्थापित किया था। जो की वर्ष 1976 तक मिल चला लेकिन जून 1977 में राज्य सरकार ने इसे अपने अधिग्रहण में ले लिया। जो की अध्रिग्रहण के 20 साल बाद 1997 से अपने जीर्णोधार के आस में बंद पड़ा हुआ है।
जानकारी हो की हाल के दिनों में मिथिला क्षेत्र में बंद पड़े चीनी मीलों को खुलवाने की मांग को लेकर मिथिला स्टूडेंट यूनियन ने आन्दोलन का आगाज किया है। जिसको लेकर नवम्बर महीने में भी यूनियन ने 5 से 10 नवम्बर तक “चीनी मिल क्रांति रथ यात्रा” करने का एलान किया गया है। साथ ही आपको बता दें की चीनी मिल के मजदूरों की बकाया राशी लगभग 18 करोड़ है, जो की यूनियन के प्रथम चरण के आन्दोलन के बाद कार्यकर्ताओं की सक्रियता के कारण प्रशासन ने चीनी मिल मजदूरों के पूर्व के बकाया राशि का आंशिक भुगतान किया गया है।

newsofbihar.com की ख़बरें अपने न्यूज़फीड में पढ़ने के लिए पेज like करें  

 
 

newsofbihar.com की ख़बरें अपने न्यूज़फीड में पढ़ने के लिए पेज like करें

newsofbihar

अपने विचार साझा करें

आवश्यक लिखें चिह्नित:*

Powered By Indic IME